20th Anniversary of Kargil War : कारगिल युद्ध में वायु सेना ने तोड़ा था पाक सेना का मनोबल

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नई दिल्ली। कारगिल युद्ध के दौरान भारत के लिए रणनीतिक रूप से महत्वपूर्ण चोटियों पर फिर से कब्जा जमाने में वायु सेना ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी।

एक पूर्व अधिकारी के मुताबिक अपने हमलों से वायु सेना ने पाकिस्तानी सेना का मनोबल पूरी तरह तोड़ दिया था। यह पहला युद्ध था जब वायु सेना ने GPS का इस्तेमाल किया था।

साथ ही रेकी और नवाचार के उपयोग ने कारगिल युद्ध की जीत में महत्वपूर्ण योगदान दिया। मई 1999 में शुरू हुए कारगिल युद्ध के 20 साल पूरे होने पर एयर वाइस मार्शल (सेवानिवृत्त) मनमोहन बहादुर ने बताया कि वायु सेना ने इस दौरान 15000 फीट और उससे अधिक ऊंचाई पर स्थित पोस्ट पर हथियार पहुंचाए।

एयर चीफ मार्शल एवाई टिपनिस के तत्कालीन स्टाफ आफिसर रहे बहादुर ने कहा कि भारतीय वायुसेना के हमलों से पाकिस्तानी सेना को बहुत नुकसान हुआ। इससे उन चोटियों पर कब्जा जमाने में सेना को बहुत सहूलियत हुई, जिस पर पाकिस्तान ने कब्जा कर लिया था।

ग्रुप कैप्टन (सेवानिवृत्त) संदीप मेहता ने बताया कि Pak के आपूर्ति डिपो पर सटीक हमले वायुसेना द्वारा जुटाई गई सटीक खुफिया सूचनाओं के कारण ही संभव हो सके थे।

चोटियों पर कब्जा जमाए बैठे दुश्मनों की सही संख्या के बारे में पता लगाने के लिए भी नवाचारों का उपयोग किया था।

 Courtesy: NaiDunia